Join WhatsApp Channel

देश–दुनिया की खबरें तुरंत पाने के लिए हमारे व्हाट्सऐप चैनल से जुड़ें

Join on WhatsApp
ताज़ा खबरें:
Home » कृषि समाचार » कृषि बजट 2026 में किसानों को क्या मिला ? जाने सरकार ने कृषि क्षेत्र के लिए क्या प्रमुख घोषणाएं की

कृषि बजट 2026 में किसानों को क्या मिला ? जाने सरकार ने कृषि क्षेत्र के लिए क्या प्रमुख घोषणाएं की

Jagat Pal

Google News

Follow Us

Advertisement

Budget 2026: कृषि बजट में ₹8,766 करोड़ की कटौती, Coconut से 1 करोड़ किसानों को लाभ, MSP पर मौन- जाने बजट 2026 में किसानों के लिए क्या है?

Agriculture Budget 2026-27 : 1 फरवरी 2026 को जब पूरा देश गुरु रविदास जयंती मना रहा था, तब संसद भवन में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपना नौवां और ऐतिहासिक Union Budget 2026 पेश किया। खेती-किसानी के लिए यह बजट एक तरफ उम्मीदें जगाता है तो दूसरी तरफ कुछ सवाल भी छोड़ जाता है। सरकार ने Agriculture Sector के लिए ₹1,62,671 करोड़ का प्रावधान किया है, जो पिछले साल के ₹1,71,437 करोड़ से कम है। लेकिन Rural Development पर ₹2,73,108 करोड़ खर्च करने का ऐलान किया गया है, जो पिछले साल से ज्यादा है। जानिए बजट 2026 में किसानों के लिए क्या है?

एग्री बजट पर चली कैंची: कृषि मंत्रालय को कम, ग्रामीण विकास को ज्यादा

इस बार के Budget Allocation में सबसे चौंकाने वाला पहलू यह रहा कि कृषि क्षेत्र के लिए पैसे की थैली कस दी गई। 2025-26 में जहां ₹1,71,437 करोड़ का बजट था, वह घटकर ₹1,62,671 करोड़ रह गया। यह कटौती तकरीबन ₹8,766 करोड़ की है। हालांकि, गांवों के विकास में सरकार ने बढ़ोतरी की है। Rural Development Budget को बढ़ाकर ₹2,73,108 करोड़ किया गया है। विश्लेषकों का मानना है कि सरकार का फोकस अब सीधे तौर पर खेती से हटकर ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर और गैर-कृषि गतिविधियों पर ज्यादा है।

Advertisement

महंगी फसलों की खेती: नारियल, काजू, कोको और चंदन पर दांव

सरकार ने इस बजट में गेहूं-चावल की पारंपरिक खेती से हटकर ऐसी फसलों को बढ़ावा देने का फैसला किया है जिनकी बाजार में ज्यादा कीमत मिलती है। Coconut Promotion Scheme के तहत तटीय इलाकों में नारियल उत्पादन को बढ़ाया जाएगा। वित्त मंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि 1 करोड़ किसान अपनी आजीविका के लिए नारियल पर निर्भर हैं और इस योजना से 3 करोड़ लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। भारत दुनिया में नारियल का सबसे बड़ा उत्पादक है, जिसमें 90% से ज्यादा खेती केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में होती है।

Advertisement

Cashew Cultivation और Cocoa Production के लिए एक विशेष कार्यक्रम शुरू किया जाएगा जिसका लक्ष्य वर्ष 2030 तक भारतीय काजू और कोको को Global Premium Brand बनाना है। काजू के मुख्य उत्पादक राज्य महाराष्ट्र, केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, ओडिशा, गोवा, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल हैं। इस सेक्टर में 10 लाख से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलता है, खासकर प्रोसेसिंग यूनिट्स में महिलाएं काम करती हैं।

Sandalwood Cultivation को भी बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकारों के साथ मिलकर काम किया जाएगा। चंदन की खेती 15-20 साल का लंबा निवेश है लेकिन प्रति एकड़ 1.5 से 3.5 करोड़ रुपये तक का नेट मुनाफा दे सकती है। यह मुख्य रूप से कर्नाटक, तमिलनाडु और केरल में होती है और इसकी कटाई वन विभाग की देखरेख में ही होती है।

पहाड़ी इलाकों की खेती: अखरोट, बादाम और पाइन नट्स

पहाड़ी क्षेत्रों के किसानों के लिए अलग से योजना बनाई गई है। Walnut Farming, Almond Cultivation और Pine Nuts की खेती को प्रोत्साहन दिया जाएगा। पुराने और कम उपज वाले बागानों को फिर से उपजाऊ बनाने के लिए विशेष कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इसके अलावा High Density Farming को भी बढ़ावा दिया जाएगा जिससे कम जमीन में ज्यादा पैदावार हो सके। सरकार का मकसद है कि युवाओं को इन उत्पादों के Value Addition में जोड़कर उनकी आय बढ़ाई जाए।

भारत विस्तार: खेती में AI क्रांति

सबसे बड़ा तकनीकी कदम Bharat Vistaar योजना है। यह एक Multilingual AI Tool होगा जो Agristack Portal और ICAR के कार्यक्रमों को एकीकृत करेगा। इस प्लेटफॉर्म के जरिए किसान Farmer Call Center Service का सीधा उपयोग कर सकेंगे और Kisan API के जरिए मौसम की जानकारी ले सकेंगे। यह सिस्टम किसानों को कस्टमाइज्ड सलाह देगा, जोखिम कम करेगा और उत्पादकता बढ़ाएगा। यह खेती में AI Integration की दिशा में बड़ा कदम है।

पशुपालन: क्रेडिट लिंक सब्सिडी से रोजगार

Animal Husbandry Sector को बढ़ावा देने के लिए Credit Linked Subsidy Scheme शुरू की जाएगी। ग्रामीण और पेरी-अर्बन इलाकों में पशुपालन के स्टार्टअप्स पर खास ध्यान दिया जाएगा। Livestock FPOs को प्रोत्साहन मिलेगा। पशुधन, डेयरी और मुर्गी पालन के लिए Integrated Value Chain बनाई जाएगी जिसमें उत्पादन से लेकर बिक्री तक का पूरा तंत्र शामिल होगा। इससे ग्रामीण रोजगार में बढ़ोतरी होगी।

मछली पालन: 500 जलाशय और महिला सशक्तिकरण

Matsya Palan किसानों के लिए 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास किया जाएगा। तटीय मछली पालन की Value Chain को मजबूत किया जाएगा। इसमें स्टार्टअप्स, महिला-नेतृत्व वाले समूहों और Fisheries FPOs को बाजार से जोड़ा जाएगा। इससे न सिर्फ मछुआरों की आय बढ़ेगी बल्कि ग्रामीण महिलाओं को भी रोजगार मिलेगा।

जो नहीं मिला, उसकी कमी

किसानों को PM Kisan Samman Nidhi में बढ़ोतरी की उम्मीद थी, लेकिन इस बार भी मोदी सरकार इस पर पूरी तरह मौन रही । PM Fasal Bima Yojana , PM Man Dhan Yojana , Kisan Credit Card और PM Dhan Dhanya Krishi Yojana पर कोई नई बड़ी घोषणा नहीं हुई। एक्सपर्ट्स और संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं का कहना है कि जब तक फसलों का सही दाम नहीं मिलेगा, आय दोगुनी होना मुश्किल है। 2022 तक आय दोगुनी करने का लक्ष्य सरकार पहले ही चूक चुकी है।

कृषि और उससे जुड़े क्षेत्रों का बजट

The budget for agriculture and allied sectors is in crores of rupees.
Image Generated By: Google Gemini
विभाग / क्षेत्र2025-26 (₹ करोड़)2026-27 (₹ करोड़)
Defence (रक्षा)4,91,7325,94,585
Transport (परिवहन)5,98,520
Rural Development (ग्रामीण विकास)2,66,8172,73,108
Home Affairs (गृह मंत्रालय)2,33,2112,55,234
Agriculture & Allied Activities (कृषि व संबद्ध)1,71,4371,62,671
Education (शिक्षा)1,28,6501,39,289
Health (स्वास्थ्य)98,3111,04,599
Urban Development (शहरी विकास)96,77785,522
IT & Telecom95,29874,560
Energy (ऊर्जा)81,1741,09,029
Commerce & Industry65,55370,296
Social Welfare (सामाजिक कल्याण)60,05262,362
Scientific Departments55,67955,756
Tax Administration45,500
External Affairs22,119
Finance20,649
Development of North East6,812

केंद्रीय बजट 2026: कृषि क्षेत्र के लिए मुख्य घोषणाएं एक नजर में…

किसानों की आय बढ़ाना: उत्पादकता और उद्यमिता के जरिए छोटे-सीमांत किसानों की कमाई बढ़ाने पर Focus
मत्स्य पालन: 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास, तटीय मूल्य श्रृंखला मजबूती, स्टार्टअप और महिला समूहों को बाजार से जोड़ना
पशुपालन: Credit Linked Subsidy कार्यक्रम, एकीकृत डेयरी-पोल्ट्री-पशुधन वैल्यू चेन, लाइवस्टॉक FPOs को प्रोत्साहन
उच्च मूल्य फसलें: नारियल, काजू, कोको, चंदन, बादाम, अखरोट, पाइन नट्स की खेती को समर्थन
विशेष कार्यक्रम: Coconut Promotion Scheme (1 करोड़ किसान लाभान्वित), 2030 तक Cashew-Cocoa को Global Premium Brand बनाने का लक्ष्य
चंदन इकोसिस्टम: राज्यों के साथ मिलकर प्रसंस्करण और खेती को बढ़ावा
बागान पुनर्जीवन: पुराने बागों का कायाकल्प, हाई डेंसिटी खेती, युवाओं की भागीदारी
टेक्नोलॉजी: Bharat Vistaar AI टूल लॉन्च, Agristack Portal और ICAR के integration, मल्टीलिंगुअल सलाहकार
टैक्स राहत: प्राइमरी सहकारी समितियों को इनपुट सप्लाई पर टैक्स में विशेष लाभ

बजट 2026 को लेकर किसानों के सवाल (FAQs)

क्या बजट में PM Kisan की राशि बढ़ी है?

नहीं, बजट 2026 में PM Kisan Samman Nidhi की राशि में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है।

क्या बजट में किसानों को MSP पर कानून मिला?

नहीं, MSP Guarantee कानून बनाने या न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी का कोई ऐलान नहीं हुआ है।

बजट 2026 में कौन सी नई फसलें उगाने पर फोकस है?

नारियल, काजू, कोको, चंदन, अखरोट, बादाम और पाइन नट्स जैसी High Value Crops पर जोर है।

भारत विस्तार योजना क्या है?

यह AI Based Tool है जो Agristack Portal और ICAR से जुड़कर किसानों को मौसम, स्कीम और फसल सलाह देगा।

बजट में पशुपालक किसानों को क्या मिला?

Credit Linked Subsidy Scheme शुरू होगी, जिससे लोन पर सब्सिडी और ब्याज में राहत मिलेगी।

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए आप हमारे Whatsapp Channe को भी JOIN कर सकते है 👉 यहाँ जुड़ें

Advertisement

इस पोस्ट को शेयर करें:

जगत पाल पिछले 8 वर्षों से एक पेशेवर ब्लॉगर हैं। वे शिक्षा, ऑटो, कृषि समाचार, मंडी भाव, गैजेट्स और बिजनेस जैसे विषयों पर विशेषज्ञता रखते हैं। वर्तमान में वे news.emandirates.com के संपादक और प्रमुख लेखक हैं, जहाँ वे भरोसेमंद और जानकारीपूर्ण कंटेंट प्रदान करते हैं।